महुली सोनभद्र रिपोर्ट (नितेश कुमार)दुद्धी, सोनभद्र : गणेश चौथ के पावन अवसर पर भाऊ राव देवरस राजकीय स्नातकोत्तर
महाविद्यालय परिसर में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत भव्य विवाह समारोह का आयोजन किया गया। इस आयोजन में दुद्धी, म्योरपुर और बभनी विकासखंडों से आए 253 जोड़े विवाह बंधन में बंथे। इनमें से 251 हिंदू जोड़ों का विवाह वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न हुआ, जबकि 2 मुस्लिम जोड़ों का निकाह काजी- मौलवी की उपस्थिति में कराया गया। पूरे कार्यक्रम में उत्साह, उल्लास और सांस्कृतिक परंपराओं की झलक देखने को मिली।सरकारी सहायता से संपन्न हुआ विवाह
उत्तर प्रदेश सरकार की मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत प्रत्येक नवविवाहित जोड़े को 51,000 रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई। इसमें 35,000 रुपये वधु के बैंक खाते में, 10,000 रुपये गृहस्थी के सामान (बर्तन आदि) के लिए, और 6,000 रुपये टेंट, भोजन, फूल-माला एवं सजावट के लिए आवंटित किए गए।वरिष्ठ जनों की रही उपस्थिति
इस मांगलिक अवसर पर दुद्धी ब्लॉक प्रमुख रंजना चौधरी, नगर पंचायत अध्यक्ष कमलेश मोहन, जिला पंचायत सदस्य म्योरपुर सुषमा सिंह गौंड, भाजपा मंडल अध्यक्ष दीपक शाह, मंडल महामंत्री प्रेम नारायण सिंह सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। समाज कल्याण अधिकारी रमाशंकर यादव, खंड विकास अधिकारी दुद्धी विशाल कुमार चौरसिया, खंड विकास अधिकारी बभनी अजीत कुमार यादव ने भी इस पावन आयोजन में सहभागिता की।पूजन और मंगल मंत्रों के साथ हुआ शुभारभ
कार्यक्रम का शुभारंभ भगवान गणेश की प्रतिमा की पूजा-अर्चना से हुआ। धार्मिक परंपराओं के अनुसार, ब्राह्मणों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार किया गया और मौलवियों ने निकाह की रस्में पूरी कराई। उपस्थित अतिथियों ने नवविवाहित जोड़ों पर पुष्प वर्षा कर उनके सुखमय वैवाहिक जीवन का आशीर्वाद दिया।
उत्साह और उल्लास का माहौल
पूरे कार्यक्रम के दौरान बैंड-बाजे, ढोल-नगाड़ों और पारंपरिक संगीत से वातावरण गूंज उठा। नवविवाहित जोड़ों के चेहरे पर खुशी की झलक देखते ही बन रही थी। समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित इस योजना के तहत गरीब और जरूरतमंद परिवारों को सहयोग एवं सम्मानपूर्वक विवाह संपन्न करने का अवसर मिला।
कार्यक्रम का संचालन अविनाश कुमार गुप्ता द्वारा किया गया। आयोजन की सफलता के लिए स्थानीय प्रशासन, समाज कल्याण विभाग और अन्य संबंधित अधिकारियों की भूमिका सराहनीय रही। इस भव्य सामूहिक विवाह समारोह ने सामाजिक समरसता और परंपराओं की एक सुंदर मिसाल पेश की।








